5 जून 2019 - 15:09
इस्लामी देश, फ़िलिस्तीन में अतिग्रहणकारी दुश्मन की आपराधिक उपस्थिति के मुक़ाबले में खड़े हो जाएंः वरिष्ठ नेता

इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता ने कहा है कि इस्लामी देशों को एक दूसरे के ख़िलाफ़ खड़े होने के बजाए फ़िलिस्तीन में अतिग्रहणकारी दुश्मन की आपराधिक उपस्थिति के मुक़ाबले में खड़े हो जाना चाहिए।

आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनेई ने बुधवार को ईदे फ़ित्र के अवसर पर देश के विभिन्न उच्चाधिकारियों, इस्लामी देशों के राजदूतों और जनता के विभिन्न वर्गों से मुलाक़ात में ईदे फ़ित्र की बधाई देते हुए फ़िलिस्तीन समस्या को इस्लामी जगत की सबसे बड़ी समस्या बताया और कुछ इस्लामी देशों की आलोचना की जो अमरीका व ज़ायोनी शासन के हितों की पूर्ति की दिशा में काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कुछ पुराने अरब नेताओं के विपरीत, जो यह कहते थे कि यहूदियों को समुद्र में डाल देना चाहिए, इस्लामी गणतंत्र ईरान का यह दृष्टिकोण नहीं है बल्कि उसने आरंभ से ही फ़िलिस्तीनी राष्ट्र के बचाव पर बल दिया और साम्राज्यवादी दुनिया के मुक़ाबले में डट गया और उसका यह प्रतिरोध जारी रहेगा।

 

इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता ने फ़िलिस्तीन देश की प्रशासनिक व्यवस्था के परिप्रेक्ष्य में फ़िलिस्तीन में रहने वाले मुसलमानों, ईसाइयों और यहूदियों और इसी तरह शरणार्थी फ़िलिस्तीनियों के जनमत संग्रह के इस्लामी गणतंत्र ईरान के प्रस्ताव पर पुनः बल दिया और कहा कि फ़िलिस्तीनी राष्ट्र का संघर्ष सैन्य, राजनैतिक और सांस्कृतिक मैदानों में तब तक जारी रहना चाहिए जब तक अतिग्रहणकारी इस राष्ट्र के मत को स्वीकार नहीं कर लेते। आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनेई ने ज़ायोनी शासन के साथ सांठ-गांठ करने और इस्लामी जगत में फूट डालने की कोशिश करने वाले कुछ इस्लामी देशों को ग़लत मार्ग से वापस लौट आने की नसीहत की और कहा कि क्यों लीबिया जैसे इस्लामी देश में दो गुट एक दूसरे का ख़ून बहा रहे हैं और क्यों इस्लाम का दावेदार एक देश यमन की जनता और इस देश के बुनियादी ढांचे पर बमबारी करके दुश्मन की इच्छाओं को पूरा कर रहा है?

 

वरिष्ठ नेता ने इस बात का उल्लेख करते हुए कि ईदे फ़ित्र का संदेश इस्लामी देशों की एकता व समरसता और मुस्लिम समुदाय की ओर वापसी है, कहा कि आज इस्लामी जगत की समस्याओं का इलाज, क़ुरआने मजीद और उसकी शिक्षाओं की ओर वापसी है और इस संबंध में मुस्लिम धर्मगुरुओं व विद्वानों की ज़िम्मेदारी दुगनी है।